कृषि बिल पास होने के बाद हंगामा शुरू,राज्यसभा से 12 सांसद निलंबित

RAKESH TIKAT

अंशिका चौहान-  लोकसभा में विंटर सेशन शुरू होते ही कृषि मंत्री तोमर ने कृषि कानून वापस करने के लिए एक विधेयक पेश किया, जो पास भी हो गया. इसके बाद कांग्रेस समेत अन्य विपक्षी दलों ने कानून को वापस लेने पर चर्चा की मांग को लेकर नारेबाजी शुरू कर दी. लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने विपक्ष से कहा कि आप चर्चा चाहते हैं तो हम वो करवाने को तैयार हैं, लेकिन विपक्ष ने नारेबाजी जारी रखी.लोकसभा की कार्यवाही मंगलवार सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई है. संसद का यह सत्र 29 नवंबर से 23 दिसंबर तक चलेगा. प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में तीन कृषि कानूनों को वापस लेने के फैसले को उजागर किया था और इसके बाद केंद्रीय मंत्रिमंडल ने इन तीन कानूनों को निरस्त करने के विधेयक को मंजूरी दे दी थी.

FARM BILL

पीएम मोदी ने क्या कहा-

मोदी ने कहा, ‘हमने देखा कि पिछले दिनों संविधान दिवस भी नए संकल्प के साथ संविधान की आत्मा को चरितार्थ करने के लिए सभी के दायित्व के संबंध में पूरे देश ने संकल्प किया है। इन सबको देखते हुए हम चाहेंगे, देश भी चाहेगा, हर नागरिक चाहेगा कि ये संसद सत्र और आगे आने वाला सत्र आजादी के दीवानों की भावना और अमृत महोत्सव की भावना के लिहाज से संसद भी देश हित में चर्चा करे.सरकार के खिलाफ, नीतियों के खिलाफ जितनी आवाज प्रखर होनी चाहिए वो हो, लेकिन संसद की गरिमा, स्पीकर की गरिमा, चेयर की गरिमा के विषय में हम वो आचरण करें, जो आने वाले दिनों में देश की युवा पीढ़ी के काम आए’.’उन्होंने कहा कि नए वैरिएंट की खबरें भी हमें और सतर्क, सजग करती हैं. मैं संसद के सभी साथियों को सतर्क रहने की प्रार्थना करता हूं. सत्र में देशहित के निर्णय तेजी से और मिलजुलकर करें’.

राकेश टिकट ने कृषि कानून पर क्या कहा-

भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत ने कहा कि MSP और अन्य मुद्दों पर केंद्र के साथ चर्चा करने से पहले किसान धरना स्थल नहीं छोड़ेंगे. “सरकार चाहती है कि देश में कोई विरोध प्रदर्शन न हो लेकिन हम MSP सहित मुद्दों पर चर्चा से पहले धरना स्थल को नहीं छोड़ेंगे.”

RAKESH TIKAT

केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने क्या कहा-

जिस तरह से सांसद भवन में हंगामा हुआ उस पर केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा है कि हमारी पूरी कोशिश है और हम ईमानदारी के साथ चाहते हैं कि संसद का सत्र सुचारू रूप से चले. हम चाहते है कि रचनात्मक और सकारात्मक चर्चा हो, एक मज़बूत विपक्ष हो. सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों की जिम्मेदारी है कि संसद की गरिमा को बनाए रखें.

कृषि कानून निरस्त करने कि चर्चा से डरती है सरकार: राहुल गांधी

संसद में 29 नवंबर को शीतकालीन सत्र शुरू होते ही कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने संसद के दोनों सदनों में कृषि कानून विधेयक को निरस्त करने पर केंद्र पर निशाना साधा. मीडियाकर्मियों को संबोधित करते हुए, गांधी ने कहा, “पहले, हमने कहा था कि सरकार को कृषि कानूनों को वापस लेना होगा, और आज इन कानूनों को निरस्त कर दिया गया. यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि बिना चर्चा के कृषि कानूनों को निरस्त कर दिया गया। यह सरकार चर्चा करने से डरती है.

राज्य सभा ने शीतकालीन सत्र के लिए छाया वर्मा, प्रियंका चतुर्वेदी, 10 अन्य को निलंबित किया

farm bill

29 नवंबर को संसद के शीतकालीन सत्र के लिए राज्यसभा से 12 सांसदों को निलंबित किए जाने के बाद, शिवसेना सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा, “अगर आप सीसीटीवी फुटेज देखें तो यह रिकॉर्ड किया गया है कि कैसे पुरुष मार्शल महिला सांसदों को पीट रहे थे. ये सब एक तरफ और आपका फैसला दूसरी तरफ? ये कैसा असंसदीय व्यवहार है.” “ये निलंबन केवल अनुचित और अन्यायपूर्ण है. अन्य दलों के अन्य सदस्य भी थे जिन्होंने हंगामा किया लेकिन अध्यक्ष ने मुझे निलंबित कर दिया. कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य छाया वर्मा ने कहा कि पीएम मोदी जैसा चाहते हैं वैसा ही कर रहे हैं क्योंकि उनके पास भारी बहुमत है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *