2024 के रण को लेकर पटना, बेंगलूरु और उसके बाद मुबई में विपक्षी गठबंधन INDIA की मंथन हुई. बैठक में विपक्षी दलों के नेताओं की संख्या जरुर बढ़ी पर जैसे जैसे ये कुनबा बड़ा होता जा रहा हैं तकरार की खबरें भी बढ़ती जा रही हैं.
बैठक में सिर्फ कोऑर्डिनेशन कमेटी का गठन किया गया जिसमें अलग अलग दलों के 14 नेताओं को शामिल किया गया. पर संयोजक पर अभी भी स्सपेंस बरकरार हैं. लोगो पर आम सहमती नही बन पाई हैं और तो और सबसे बड़ा सीट शेयरिंग का मुद्दा हैं. जिसको लेकर भी विपक्ष एकजुट नहीं हो पा रहा हैं.
विपक्षी गठबंधन के नेता आपस में ही लड़ रहे हैं. सच्चाई यही हैं कि विपक्ष के पास PM मोदी का विकल्प नहीं हैं. ना नीति हैं, ना नेता हैं ना ही नियत हैं तो ऐसे में पुरा विपक्ष मोदी सरकार से कैसे लड़ेगा.
शीघ्र चुनाव और ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ की संभावना तलाशने के लिए एक पैनल के गठन की अटकलों के बीच, विपक्षी गुट इंडिया के शीर्ष नेताओं ने शुक्रवार को अपने सहयोग को संरचना देने और सीट बंटवारे के बारे में अपनी योजनाओं को स्पष्ट करने के लिए महत्वपूर्ण चर्चा की.






